अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद खरसिया इकाई द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना रजत जयंती पर विभिन्न आयोजनों का समापन और पुरस्कार वितरण सम्पन्न📕

खरसिया। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस की रजत जयंती के अवसर पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) खरसिया इकाई द्वारा आयोजित रंगोली, निबंध एवं चित्रकला प्रतियोगिता का समापन समारोह सोमवार को पुरस्कार वितरण कार्यक्रम के साथ सम्पन्न हुआ।
कार्यक्रम में नगरपालिका अध्यक्ष कमल गर्ग, उपाध्यक्ष अवधनारायण (बंटी) सोनी तथा नगर परिषद के पार्षदगण मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि कमल गर्ग ने छात्र–छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी राजनीति की शुरुआत विद्यार्थी परिषद से ही हुई थी। उन्होंने कहा — “छात्र नेता से लेकर आज नगरपालिका अध्यक्ष बनने की मेरी यात्रा विद्यार्थी परिषद के संस्कारों और अनुशासन की ही देन है।”

वहीं उपाध्यक्ष अवधनारायण सोनी ने परिषद के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि सीमित संसाधनों में भी परिषद के छात्रों ने शानदार आयोजन किया है। उन्होंने कहा कि ऐसे सकारात्मक प्रयासों के लिए वे सदैव सहयोग देते रहेंगे।
कार्यक्रम में नगर अध्यक्ष अमृत लाल चंद्रा ने सभी प्रतिभागियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं, जबकि विद्यालय अध्यक्ष अवनि वैष्णव ने बताया कि उन्हें अपने पिता, भूपेंद्र किशोर वैष्णव (पूर्व विभाग प्रमुख, ABVP) से प्रेरणा मिली है कि छात्र समाज के लिए सदैव रचनात्मक कार्य करना चाहिए।

इस अवसर पर प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विजेताओं को अतिथियों के हाथों मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। साथ ही सभी 95 प्रतिभागियों को सांत्वना पुरस्कार प्रदान किए गए, क्योंकि सभी ने “छत्तीसगढ़ की थीम” पर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम में लाल बहादुर शास्त्री विद्यालय और सरस्वती शिशु मंदिर की छात्राओं — भूमि, मुग्धा और तमन्ना — द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रम ने सभी उपस्थितों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

कार्यक्रम का सफल संचालन राष्ट्रीय कला मंच की अध्यक्ष यामिनी पटेल ने किया।
संपूर्ण आयोजन विद्यालय अध्यक्ष अवनि वैष्णव के नेतृत्व में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। आयोजन में अंशु राठौर, अभिषेक राठौर, प्रतीक देशमुख, यामिनी पटेल, रवि राठौर, सागर राठौर, संस्कार राठौर, हिमांशु राठौर, कृष्णा राठौर और मिथिलेश्वर नगरे का विशेष योगदान रहा।

अंत में विद्यालय अध्यक्ष अवनि वैष्णव ने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों और सहयोगियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा — “यह पहला प्रयास था, जिसने छात्र-छात्राओं की कला को मंच दिया और उनकी प्रतिभा को समाज के सामने लाने का अवसर प्रदान किया।”




